mobilenews
miraj
pc

Archive for October 25th, 2012

ऐतिहासिक होगा मानगढ़ धाम बलिदान स्मृति कार्यक्रम : चतुर्वेदी

ऐतिहासिक होगा मानगढ़ धाम बलिदान स्मृति कार्यक्रम : चतुर्वेदी

| October 25, 2012 | 0 Comments

भाजपा प्रदेशाध्याक्ष का 17 नवम्बर को ‘मानगढ़ चलो’ का आह्वान udaipur. भारतीय जनता पार्टी की उदयपुर सहित कुल 11 जिलों की बैठक में प्रदेशाध्यक्ष अरूण चतुर्वेदी ने कहा कि मानगढ़ का इतिहास एवं बलिदान राजस्थान ही नहीं अपितु सम्पूर्ण देश के लिए स्वतंत्रता के सबसे बड़े प्रेरणा स्त्रोत के रूप में विख्यात है। दुर्भाग्य से […]

Continue Reading

प्रभावितों का कलक्ट्रेट पर धरना

प्रभावितों का कलक्ट्रेट पर धरना

| October 25, 2012 | 1 Comment

udaipur. झील निर्माण निषेध क्षेत्र में अतिक्रमण व अवैध निर्माण को लेकर शहर विधायक गुलाबचंद कटारिया के नेतृत्व  में रहवासियों ने गुरुवार को कलक्ट्रेट पर धरना दिया। मौके पर कथित नेता भी उपस्थित थे।

Continue Reading

लाफ्टर में भारती तो सेलिब्रिटी में ‘तपस्या’

लाफ्टर में भारती तो सेलिब्रिटी में ‘तपस्या’

| October 25, 2012 | 0 Comments

आखिर फाइनल हुए कलाकार दशहरा दीपावली मेला 2012 कवि सम्मेलन में कुमार विश्वालस, गीतों भरी शाम में कैलाश खेर की संभावना udaipur. दशहरा दीपावली मेले के लिए गुरुवार सुबह नगर परिषद में असमंजस के बाद कुछ सेलिब्रिटी कलाकार फाइनल हो गए। तीन दिन से चल रही जद्दोजहद के बाद गुरुवार सुबह टेंडर देने वालों को […]

Continue Reading

बोहरा समुदाय ने मनाया ईद-उल-अजहा

बोहरा समुदाय ने मनाया ईद-उल-अजहा

| October 25, 2012 | 0 Comments

udaipur.संभाग में बोहरा समुदाय ने बुधवार को त्याग और बलिदान का पर्व ईदुलजुहा मनाया।  इस अवसर पर ईद की नमाज अदा करने के बाद कुरबानी दी गई। लोगों ने एक दूसरे को गले लगाकर मुबारकबाद दी। मुस्लिम समाज 27 अक्टूबर को ईदुलजुहा मनाएगा।

Continue Reading

प्रतिमा विसर्जन का दौर जारी

प्रतिमा विसर्जन का दौर जारी

| October 25, 2012 | 0 Comments

udaipur.  हालांकि औपचारिक रूप से नवरात्रा समापन मंगलवार को ही हो गया लेकिन कहीं कहीं नवरात्रा बुधवार तक रखे गए। गुरुवार को प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया।

Continue Reading

जिसके पास पिच्छी, दुनिया उसके पीछे : सुकुमालनंदी

जिसके पास पिच्छी, दुनिया उसके पीछे : सुकुमालनंदी

| October 25, 2012 | 0 Comments

udaipur. यदि गृहस्थी के पास बिलकुल भी धन नहीं तो वह गृहस्थी नहीं कहलाता है और जिसके पास थोड़ा भी धन हो वह साधु नहीं कहलाता है। जिस प्रकार जल की बून्द विभिन्न संगति को पाकर विभिन्न पर्यायों को धारण करती है उसी प्रकार साधु की संगत भी सर्व दु:खों का नाश कर देती है।

Continue Reading

udp-education