ज्ञान की गंगा का और अधिक विस्तार करें : सिंह

BY — June 14, 2015

राजस्थान विद्यापीठ : 21 दिवसीय नीड बेस्ड रिफ्रेशर कोर्स का समापन

140611उदयपुर। जयनारायण व्यास विश्वविद्यालय, जोधपुर के कुलपति प्रो. आरपी सिंह ने प्राध्यापकों को आवहान किया कि उन्होनें जो ज्ञान अर्जित किया है, उसे सीमित न रहने दें, इस ज्ञान की गंगा का और अधिक विस्तार करें।

वे रविवार को जनार्दनराय नागर राजस्थान विद्यापीठ विश्वविद्यालय के प्रतापनगर स्थित सभागार में जयनारायण व्यास विश्वविद्यालय के अकेडमिक स्टॉफ कॉलेज द्वारा आयोजित 21 दिवसीय यूजीसी रिफ्रेशर कोर्स के समापन समारोह में बोल रहे थे।
अन्तर्राष्ट्रीय स्तर की सुविधाऐं उपलब्ध हो- उन्होंने कहा कि आज हम 21वीं सदी की बातें करते है परन्तु अंतराष्ट्रीय स्तर पर 200 विश्वविद्यालयों में भी हमारा नाम नही है, यह इसलिए हो रहा है क्यों कि अंतराष्ट्रीय संदर्भों में विकसित विश्वविद्यालयों के जैसी उन्नत सुविधाएं अत्याधुनिक क्लास रूम , आर्थिक संसाधन, नई शिक्षा नीति हमारे यहां उपलब्ध नही है। यद्यपि अब हमने अध्ययन के लिए अंतर्राष्ट्रीय स्तर का सेलेबस ‘चॉइस बेस्ड क्रेडिट स्कीम की योजना बनाकर, मानव संसाधन मंत्रालय को दी है, परन्तु उसे लागू करने में भी वक्त लगेगा।
रिसर्च व शोध कार्यों पर हो फोकस : प्रो. सिह ने कहा कि आज सभी विश्वविद्यालयों में यह प्रयास किया जाना चाहिए कि रिसर्च व शोध कार्यों पर ज्यादा से ज्यादा फोकस हो और रिसर्च कार्यों में गुणवत्ता पूरी तरह से रहे ताकि आने वाला विद्यार्थी यहां से अच्छी सीख लेकर जाये इसका पूरा प्रयास किया जाना चाहिए।
अध्यक्षता करते हुए कुलपति प्रो. एसएस सारंगदेवोत ने कहा कि आज हमें उच्च शिक्षा के साथ-साथ शोध कार्यों में भी अपनी महत्वपूर्ण भूमिका का निर्वहन करना होगा इस हेतु हमें हमारी प्राचीन गुरूकुल पद्धति जो कि नालंदा, तक्षशिला, शांतिनिकेतन विश्वविद्यालयों में दी जाती थी, उस शिक्षा को अपनाना होगा। उन्होंने कहा कि जीवन्त पर्यंत शिक्षा, स्वेच्छा और अंतर प्रेरणा से व्यक्तिगत अथवा व्यवसायिक स्तर पर ज्ञान प्राप्त करने की निरंतर प्रक्रिया है। शिक्षा की इस पद्धति से प्रतिस्पर्धा और रोजगार के अवसरों में वृद्धि करने में सहायक होती है। विशिष्ट अतिथि कोटा विवि के कुलपति प्रो. परमेन्द्र कुमार दशोरा ने कहा कि व्यक्ति को समाज का आदर्श और अच्छा नागरिक बनाने में शिक्षा की प्रमुख भूमिका रहती है। शिक्षा उद्देश्य केवल व्यक्ति के मानसिक विकास से नहीं बल्कि संपूर्ण समाज के विकास से जुड़ा है। विशिष्ट अतिथि जोधपुर एकेडमिक स्टाफ कॉलेज के निदेशक प्रो. पीके शर्मा, रजिस्ट्रार प्रो. सीपी अग्रवाल, समन्वयक प्रो. पीके पंजाबी सहसमन्वयक डॉ. युवराज सिंह राठौड़ ने भी विचार व्यकक्ता किए। स्वागत उदबोधन समन्वयक प्रो. प्रदीप पंजाबी ने दिया 21 दिवसीय रिफ्रेशर कोर्स की रिपोर्ट सहसमन्वयक डॉ. युवराज सिंह राठौड़ ने दी, धन्यवाद प्रो. सी.पी. अग्रवाल ने दिया और संचालन डॉ. अनिता राठौड़ ने किया। समारोह में अतिथियों को प्रतीक चिन्ह् से सम्मानित किया। समारोह में अतिथियों ने सभी प्राध्यापकों को सर्टिफिकेट वितरित किए।

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admin

doing active journalism from last 16 yrs. worked in leading news papers rajasthan patrika, dainik bhaskar.

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