फतहसागर में चाहिए चार फीट पानी और
उदयपुर। श्रावण मास न सिर्फ मेवाड़ बल्कि राजस्था न भर के लिए खुशियों के साथ आफत बन गया है। जहां पहले सभी बारिश की कामना कर रहे थे वहीं अब कुछ थमने की कामना करने लगे हैं। मेवाड़ के अधिकतर बांध, तालाब भर चुके हैं और ओवरफ्लो हो चुके हैं। उदयपुर की प्रमुख फतहसागर भरने की ओर अग्रसर है वहीं पीछोला लगभग भर चुकी है।



नदी नाले उफान पर होने से कई जगह मार्ग अवरूद्ध हो गए हैं वहीं मुख्यालयों से संपर्क कट चुकी है। भीलवाड़ा में राज्य के तीन मंत्री पहुंच चुके हैं और हालात का जायजा ले रहे हैं वहीं चित्तौड़ में भी एक मंत्री पहुंचे हैं। उदयपुर के समीप छोटा मदार तालाब पर तीन इंच की चादर चल रही है। साथ की कठार नदी पर चार फीट ओवरफ्लो है। बड़ा मदार तालाब एक फीट से ओवरफ्लो है। मदार नहर पूरे वेग पर है और पानी फतहसागर में समा रहा है। सीसारमा नदी चार फीट और नांदेश्वर चैनल दो फीट चल रहा है। पीछोला का जल स्तर 10 फीट हो चुका है वहीं फतहसागर करीब 9.5 फीट हो चुका है। संभाग के अमूमन बड़े बांधों के गेट खोल दिए गए हैं।













