वास्कुलर और इंटेस्टाइनल एनास्टोमोसिस कार्यशाला
सुनील गोठवाल
उदयपुर। पेसिफिक मेडिकल कॉलेज एवं हॉस्पिटल के सर्जरी विभाग द्वारा आयोजित वास्कुलर और इंटेस्टाइनल एनास्टोमोसिस पर दो दिवसीय कार्यशाला का आज समापन हुआ। कार्यशाला में 100 से अधिक सर्जन और सर्जरी के पोस्टग्रेजुएट विद्यार्थी शामिल हुए।
आयोजन सचिव डॉ.गौरव सिंघल ने बताया कि कार्यशाला में प्रतिभागियों को महाधमनी और आंतों पर व्यावहारिक अनुभव प्रदान दिया गया। विशेषज्ञ प्रशिक्षकों ने एनास्टोमोसिस के दौरान खून की धमनी की मरम्मत और आंतों की सर्जरी से जुड़ी तकनीकों को विस्तार से समझाया। सर्जरी के जटिल पहलुओं को सरलता से समझाने के लिए आधुनिक उपकरणों और तकनीकों का उपयोग किया गया। जिससे सर्जरी के दौरान जटिलताओं को कम करते हुए बेहतर परिणाम मिल सके।
डॉ.सिंघल ने कहा कि कार्यशाला का उद्देश्य युवा सर्जनों को नई तकनीकों से लैस करना था और हमें खुशी है कि हमने इसे सफलतापूर्वक पूरा किया। भविष्य में भी इस तरह की कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी।
पीएमसीएच के सर्जरी विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ.एच.पी.गुप्ता ने कहा कि इस प्रकार की पहल न केवल चिकित्सा क्षेत्र में नई ऊंचाइयों को छूने में मदद करती है, बल्कि मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देने की दिशा में भी एक कदम है। इस कार्यशाला के माध्यम से प्रतिभागियों को न केवल उनके कौशल में निखार लाने में मदद की, बल्कि उन्हें आत्मविश्वास भी दिया कि वे अपनी सर्जरी में बेहतर प्रदर्शन कर सकें। कार्यशाला के अंत में सभी प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र प्रदान किए गए। पीएमयू के चेयरपर्सन राहुल अग्रवाल,प्रेसीडेंट डॉ.एम.एम.मंगल और प्रिंसिपल डॉ.यू.एस.परिहार ने वर्कशॉप के सफल आयोजन के लिए शुभकामनाएं प्रेषित की।














