प्रताप समाधि स्थल पर पहली बार राष्ट्रपति का आगमन

BY — January 4, 2012

10 जनवरी को बंडोली (चावण्ड्) आएंगी प्रतिभा देवीसिंह पाटील

प्रताप समाधि स्थल पर पुष्पांजलि कार्यक्रम

पत्रकार वार्ता में मंचासीन शब्‍बीर हुसैन मुस्‍तफा, रावत मनोहरसिंह कृष्‍णावत। संबोधित करते महामंत्री अशोक मेतवाला।

udaipur. अखिल भारतीय प्रताप सेवा संघ के बैनर तले महामहिम राष्ट्रपति प्रतिभा देवीसिंह पाटील 10 जनवरी को उदयपुर की सराड़ा तहसील में चावण्ड के पास थाणा पंचायत के बंडोली गांव स्थित महाराणा प्रताप के समाधि स्थल पर पुष्पांजलि अर्पित करेंगी। संघ के अध्यक्ष मनोहरसिंह कृष्णावत ने पत्रकारों से बातचीत में बताया कि आजादी के बाद यह पहला मौका है जबकि देश का कोई राष्ट्रपति महाराणा प्रताप के समाधि स्थल पर आएगा।
देश की सर्वोच्च लोकतांत्रिक संस्था संसद तक में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के अतिरिक्त एकमात्र मेवाड़ के महाराणा प्रताप की प्रतिमा लगी हुई है। जो यह कहती प्रतीत होती है कि देश में गांधी के अलावा सिर्फ महाराणा प्रताप ही थे जिन्होंने स्वाभिमान की लड़ाई लड़ी और अंत तक हार नहीं मानी। गत दिनों मेदपाट समारोह में आईं राष्ट्रपति महोदय से कृष्णावत ने बंडोली आने का आग्रह किया था। यह महाराणा प्रताप के प्रति उनका सम्मान है जिससे उन्होंने यहां आने की स्वीकृति दी।
कृष्णावत ने कहा कि आजादी से 400 वर्ष पूर्व ही महाराणा प्रताप ने पूंजा भील, हकीम खां सूरि, भामाशाह के साथ मिलकर लोकतंत्र की स्थापना कर दी थी। लोकतांत्रिक व्यवस्था के तहत ही राष्ट्र की राजधानी चावण्ड को 12 वर्षों तक कायम रखा जो कि मेवाड़ के लिए एक गौरव की बात है। अखिल भारतीय प्रताप सेवा संघ ने बीड़ा उठाया है प्रताप के आदर्श, देशभक्ति, संस्कार और देश के प्रति उनके नजरिये को क्रियान्वित करने का। उसी विचारधारा के लोगों को संघ से जोडक़र प्रताप से सम्बन्धित सभी क्षेत्रों का विकास किया जाएगा। उन्हों ने बताया कि राष्ट्र पति का कुल 20 मिनट का समय हमें प्राप्ते हुआ है। इससे पूर्व सुबह दीवेर (राजसमंद) में प्रताप की मूर्ति का अनावरण व जनसभा का कार्यक्रम है।
संघ के उपाध्यक्ष शब्बीर हुसैन मुस्तफा ने बताया कि आगामी कार्ययोजना में संघ प्रताप के समाधि स्थल बंडोली में प्रतिवर्ष एक वृहद् मेले का आयोजन भी करना प्रस्तावित है। इसी प्रकार राष्ट्रीय देशभक्ति कवि सम्मेलन का आयोजन भी प्रस्तावित है। उन्हों्ने बताया कि धर्म-मजहब के नाम पर इंसान को बांटा जा रहा है। आज जरूरत प्रेम, राष्ट्री यता की है। इसी के चलते देश मजबूत हो सकता हे।
महामंत्री अशोक मेतवाला ने बताया कि राष्ट्रपति प्रतिभा देवीसिंह पाटील की यात्रा के बाद राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय ख्यातिप्राप्त समाजसेवियों, इतिहासकारों, विभूतियों को समाधि स्थल पर आमंत्रित किया जाएगा। अखिल भारतीय प्रताप सेवा संघ निर्धन असहाय लोगों के लिए प्रताप सेवा केन्द्र के नाम से नि:शुल्क चिकित्सा शिविर भी लगाएगा ताकि सुदूर गांवों से पीडि़त लोगों को उपचार मिल सके।
प्रेस वार्ता में कोषाध्यक्ष प्रकाश आमेटा, मोहन पटेल, दल्लाराम, प्रभुलाल जैन आदि भी मौजूद थे।

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admin

doing active journalism from last 16 yrs. worked in leading news papers rajasthan patrika, dainik bhaskar.

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