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दिव्यांगों को आज मिलेंगे कृत्रिम हाथ, बदलेगा जीवन

BY — April 9, 2016

रोटरी क्लब एलिट का अभिनव प्रयास

090405उदयपुर। रोटरी क्लब एलीट रोटरी डिस्ट्रिक्ट 3040 व 3052 के संयुक्त तत्वावधान में 10 अप्रेल रविवार को नि:शुल्क कृत्रिम हाथ परीक्षण एवं वितरण शिविर मेवाड़ मोटर्स गली स्थित जिनदत्त सूरी धर्मशाला में आयोजित किया जाएगा।

अखिल भारतीय परियेाजना निदेशक तरूण मिश्रा के नेतृत्व शिविर में हाथ गंवा चुके बालक, बालिका, पुरूष या महिलाओं को अमेरीका में निर्मित व इन्दौर की प्रशिक्षित तकनीशियन टीम द्वारा कृत्रिम हाथ लगायें जाऐंगे। विशेष किस्म के हाथ लगने के बाद इन दिव्यंागों का जीवन बदल जाएगा।
क्लब अध्यक्ष मनीष गलुण्डिया ने बताया कि शिविर में भाग लेने के लिए पंजीकरण की अंतिम तिथि बीत जाने के बावजूद दिव्-यंागों की मांग बढ़ती जा रही है। अब तक 253 पंजीकरण किये जा चुके है लेकिन ऑन स्पॉटआने वाले दिव्यंागों के भी कृत्रिम हाथ लगाने के पूरे प्रयास किये जाऐंगे। इसके बावजूद यदि दिव्यंाग बच जाते है तो उनके लिए एक माह पश्चात पुन: शिविर लगाकर उनके हाथ लगाये जाऐंगे। शिविर में गृहमंत्री गुलाबचन्द कटारिया प्रात: साढ़े दस बजे अवलोकन करेंगे। इसके अतिरिक्त जिल कलेक्टर रोहित गुप्ता,मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. संजीव टांक भी अवलोकन करेंगे। शिविर में भाग लेने के लिए कोटा से रोटरी डिस्ट्रिक्ट 3052 के प्रान्तपाल प्रद्युम्न पाटनी एवं इन्दौर से रोटरी डिस्ट्रिक्ट 3040 के प्रान्तपाल संजीव गुप्ता विशेष रूप से आऐंगे।
मेडकील बोर्ड की टीम की रहेगी उपलब्ध-मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग की ओर से शिविर में अस्थि रोग विशेषज्ञ डॉ. मुकेश जैन के नेतृत्व में मेडीकल बोर्ड की टीम उपस्थित रहेगी। दिव्यंागों की जांच कर उन्हें सर्टिफिकेट प्रदान करेगा। इसके अलावा समाज कल्याण विभाग दिव्यंागों को राज्य सरकार द्वारा संचालित की जा रही विभिन्न योजनाओं की जानकारी प्रदान की जाएगी।
दिव्यंाग भरेंगे अंगदान, नेत्रदान एवं रक्तदान का संकल्प पत्र-गलुण्डिया ने बताया कि शिविर में भाग लेने वाले सभी दिव्यंागों से वर्ष में कम से कम एक बार रक्तदान अवश्य करने तथा मृत्योपरान्त नेत्रदान एंव अंगदान करने का संकल्प पत्र भरवाया जाएगा।
विशेष किस्म का है हाथ- परियोजना निदेशक प्रमोद राठी ने बताया कि शिविर में भाग लेने वाले दिव्यांग का कोहनी के नीचे कम से कम 4 या पंाच इच का हाथ का शेष भाग होना आवश्यक है ताकि कृत्रिम हाथ को मजबूती मिल सकें। अमेरीका एलन मीडोज प्रोस्थेटिक हैंड फाउण्डेशन द्वारा निर्मित ये कृत्रिम हाथ नि:शुल्क लगाये जाऐंगे। इन हाथ की विशेषता यह है कि ये हाथ से वापस निकालने में अत्यन्त ही सहज,सरल मजबूत एवं टिकाऊ है। लगभग 400 ग्राम वजन वाले इन कृत्रिम हाथों से न केवल 10 से 12 किलोग्राम तक का वजन उठाया जा सकता है वरन् हाथ में विशेष रूप से तैयार की गई दो अंगुलियों को हिलाया जा सकता है जबकि शेष तीन अंगुलिया स्थायी रहती है ताकि हिलने वाली अुगंली से कोई आवश्यक काम किये जा सकें।
इन्दौर से आएगी विशेषज्ञों की टीम- रोटरी क्लब सचिव रमेश मोदी ने बताया कि शिविर में दिव्यंागों के कृत्रिम हाथ लगाने के लिए अमेरीका से प्रशिक्षित इन्दौर की तकनीशियनों की टीम के सदस्य विनोद बापना, सुनील बिनजवे,मुकेश शर्मा,मितेश सिंघी,सौरभ मिश्रा,दीपक शाह,सेजय बंसल,राजेश अवस्थी,प्रदरीप मुनोत, शब्बीर भाई जामनगरवाला शनिवार प्रात: यहंा पंहुचेंगे।

admin

doing active journalism from last 16 yrs. worked in leading news papers rajasthan patrika, dainik bhaskar.

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