उदयपुर में 23 से 26 अक्टूबर तक होगा गमेर बाग में नि:शुल्क मंत्राक्ष ध्यान शिविर
उदयपुर। श्रुत संवेगी मुनिश्री आदित्य सागर जी महाराज के सानिध्य एवं आदिनाथ दिगंबर जैन चेरीटेबल ट्रस्ट, सेक्टर 11 के तत्वावधान में तनाव, मानसिक दबाव और जीवन की बढ़ती भागदौड़ से जूझ रहे लोगों के लिए उदयपुर में 23 से 26 अक्टूबर 2026 तक श्री गमेर बाघ में मंत्राक्ष ध्यान एवं समाधान शिविर आयोजित होगा। यह आध्यात्मिक शिविर नि:शुल्क होगा। सकल दिगंबर जैन समाज के अध्यक्ष शांतिलाल वेलावत के अनुसार देशभर से लगभग 7,000 साधक इसमें शामिल होंगे। पूज्य मंत्राक्ष गुरु मंत्रराज महाश्रमण 108 आदित्यसागरजी मुनिराज की उपस्थिति में होने वाले इस चार दिवसीय शिविर का उद्देश्य लोगों को नकारात्मकता और मानसिक बेचैनी से बाहर निकालकर आत्मिक शांति, एकाग्रता एवं सकारात्मक जीवन दृष्टि देना है।

रोज तीन विशेष सत्र: आदिनाथ दिगंबर जैन चैरिटेबल ट्रस्ट अध्यक्ष पारस चित्तौड़ा ने बताया कि शिविर में प्रतिदिन तीन विशेष सत्र आयोजित होंगे। प्रात: 4.45 बजे महामंत्राक्ष ध्यान और ध्वनि मंत्र साधना (साउंड बाथ हीलिंग) का सत्र होगा। दोपहर 2 बजे सप्त चक्र जागरण एवं स्वर विज्ञान पर आधारित प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिसका मार्गदर्शन पूज्य मुनि श्री अप्रमित सागरजी महाराज करेंगे।
भंवर मुण्डलिया ने बताया कि शाम के मंत्राक्ष समाधान सत्र में लकी ड्रा से चुने गए 6 साधकों को मंच पर अपनी जीवन समस्याओं का समाधान पाने का अवसर मिलेगा। इसके अलावा प्रतिदिन एक मेगा लकी ड्रा विजेता को पूज्य मुनि श्री आदित्यसागरजी महाराज से विशेष मार्गदर्शन और आशीर्वाद मिलेगा।
चातुर्मास कमेटी अध्यक्ष अशोक शाह ने बताया कि शिविर में ऊर्जा जागरण, सप्त चक्र संतुलन, स्वर विज्ञान, साउंड हीलिंग, कलर थेरेपी, व्यक्तित्व विकास और जीवन समाधान पर विशेष सत्र होंगे। गर्भवती महिलाओं के लिए गर्भ संस्कार एवं सकारात्मक ऊर्जा सत्र में डॉ. राधिका महेश्वरी उपस्थित रहेंगी। विद्यार्थियों के लिए एकाग्रता, स्मरण शक्ति, आत्मविश्वास और अध्ययन क्षमता बढ़ाने का मार्गदर्शन दिया जाएगा। पैरेंटिंग, चाइल्ड डेवलपमेंट और हैप्पी मैरिज लाइफ पर भी विशेषज्ञ सत्र आयोजित किए जाएंगे जिसके लिए मनीषा ठक्कर (मुंबई) भी विशेष सत्र कराएंगी।
एनर्जी वास्तु गुरु, बिजनेस कंसल्टेंट एवं अखिल भारतीय ज्योतिष संस्था संघ के वाइस प्रेसिडेंट जयंत पांडे (दुबई) 10ङ्ग ग्रोथ विषय पर अपने 40 वर्षों के अनुभव के आधार पर मार्गदर्शन देंगे। उन्होंने बताया कि शिविर के लिए बड़ी संख्या में पंजीयन हो चुका है और तैयारियां तेजी से चल रही हैं। आयोजन को आत्म-जागरण, मानसिक शांति और जीवन परिवर्तन की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल बताया जा रहा है।
शिविर में सहभागिता हेतु पूर्व पंजीयन अनिवार्य है। इच्छुक साधक www.mantraksh.com/registration/index.html पर जाकर अपना पंजीयन कर सकते हैं। आगंतुकों की सुविधा हेतु शिविर स्थल पर विभिन्न उपयोगी स्टॉल्स की भी व्यवस्था की गई है।