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पंचायत चुनाव मे गड़बडी़ फैलाने की बडी़ योजना विफल

BY — January 17, 2015

अवैध पिस्टल सहित तीन पकडे

170115उदयपुर। शांतिपूर्ण तरीके से पंचायत चुनाव की संपन्नता को लेकर पुलिस द्वारा अवैध हथियारों की धरपकड़ के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत पुलिस ने तीन युवकों को पकड़ा। इनसे तीन अवैध पिस्टल भी बरामद किए गए।

पुलिस अधीक्षक अजयपाल लाम्बा ने बताया कि साकरोदा पंचायत समिति के चुनाव में गड़बडी़ फैलाने की मंशा से साकरोदा के कतिपय लोगों द्वारा हथियार मंगवाने की जानकारी मिली जिसकी पुष्टि के लिए उन्होंने प्रताप नगर थानाधिकारी चन्द्रपुरोहित को निर्देश दिए। पुरोहित ने गांव में मुखबिरों को लगाया तो पता लगा कि गांव के अनिल माली उर्फ डॉ. अनिल शर्मा (35) व प्रतापसिंह (36) पिता भूरसिंह तथा कानपुर निवासी किशन डांगी (28) के पास कहीं से असला आया है। थानाधिकारी ने तीनों से पूछताछ की तो पहले तीनों ने ऐसी किसी भी बात से इनकार कर दिया। बाद में तीनों को अलग-अलग मनोवैज्ञानिक रूप से पूछताछ की गई तो तीनों टूट गए और अपने पास एक-एक देसी पिस्टल व कारतूस की बात स्वीकार की। तीनों की निशानदेही पर तीन देसी लोडेड पिस्टल व जिन्दा कारतूस बरामद किए।
सप्लानयर की तलाश जारी
एएसपी शहर राजेश भारद्वाज ने बताया कि तीनों के पास हथियार कहां से, कैसे और किसने दिए, इस संबंध में पूछताछ की जा रही है। पुलिस को हथियारों के सप्लायर के विषय में कुछ सूचना भी हासिल हुई है।
महिला पुलिसकर्मीयो ने दिखाई जांबाजी
सीओ ईस्टर माधुरी वर्मा ने बताया कि पंचायत चुनाव के चलते शहर के थानों का लगभग सम्पूर्ण पुरुष स्टाफ बाहर होने के कारण थानों में पुरूष स्टाफ की कमी है। ऐसे में संवेदनशील सूचना प्राप्त होने पर थानाधिकारी प्रतापनगर ने कांस्टेेबल उम्मेदसिंह, विक्रम सिंह, खुमाणसिंह के साथ महिला कांस्टेेबल नम्रता व कुसुम को भी टीम में शामिल किया और देर रात साकरोदा में दबिश दी। उसी समय गांव की बिजली चली गई, जिसका फायदा उठाकर किशन डांगी भाग निकला। आधा किलोमीटर तक मोबाइल टॉर्च की रोशनी में उसका पीछा कर महिला कांस्टे्बल नम्रता व कुसुम ने उसे धर दबोचा।
पत्नीा का सरनेम लगा लिया
थानाधिकारी प्रताप नगर चन्द्र पुरोहित ने बताया कि गिरफ्तार किये गये अनिल माली उर्फ डॉ. अनिल शर्मा मूल बर-तहसील रायपुर जिला पाली निवासी है। पहले बैंगलोर में एडमिशन लिया। बाद मे बांसवाडा़ आकर विनस मोबाइल व कम्यू जिलटर के नाम से इन्सटीट्यूट खोला। देनदारियां बढ़ जाने से वहां से भाग लिया तथा एक पत्नीम होने के बावजूद साकरोदा में दूसरा विवाह कर यहीं रहने लगा। अपना नाम अनिल माली से बदलकर अनिल शर्मा रख लिया तथा अपने नाम के आगे पत्नि का सरनेम शर्मा लगाने लग गया ताकि पहचान ना हो सके । दूसरी पत्नीस के साकरोदा में प्राथमिक स्वास्थ केन्द्र पर कार्यरत होने के कारण यह भी प्राथमिक स्वास्थ केन्द्र साकरोदा पर बैठने लगा व गांव वालों को अपना परिचय डॉ. अनिल शर्मा के रूप मे देकर अपने आपको डाक्टर घोषित कर दिया।

admin

doing active journalism from last 16 yrs. worked in leading news papers rajasthan patrika, dainik bhaskar.

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