संभाग में औद्योगिक सम्भावनाओं के व्यापक अवसर : युरगेन हैन्कल

BY — November 3, 2012

udaipur. उदयपुर चैम्बर ऑफ कॉमर्स एण्ड इण्डस्ट्री द्वारा जेडडीएच/सीक्वा, जर्मनी के परियोजना निदेशक युरगेन प्रोजेक्ट एवं परियोजना आकलनकर्ता श्रीमती एल के डेम्सचुक के साथ हुई बैठक में संभाग में औद्योगिक एवं व्यापारिक गतिविधियों को प्रोत्साहन प्रदान करने के लिए जर्मन संस्था जेडडीएच/सीक्वा के साथ विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग बढा़ने की सम्भावनाओं पर चर्चा की।

अध्यक्ष महेन्द्र टाया ने स्वागत उद्बोधन में कहा कि संभाग के उद्यमी नए उद्योगों की स्थापना के साथ वर्तमान उद्योगों के अपग्रेडेशन में जर्मन टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करके अधिक लाभ अर्जित कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि उदयपुर में विभिन्न इन्जीनियरिंग एवं इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों का निर्माण करने उद्योगों, मल्टीकलर ऑफसेट प्रिन्टिग मशीनों, मिनरल प्रोसेसिंग उद्योंगो में जर्मन टैक्नोलॉजी के इस्तेमाल से उत्पादन व क्वालिटी में प्रत्यक्ष वृद्धि हुई है।
संरक्षक अरविन्द सिंघल ने जेड.डी.एच. के अधिकारियों से परिचर्चा के दौरान कहा कि आधारभूत सुविधाओं तथा सेक्रेटेरियल सेवाओं के मामले में यूसीसीआई प्रदेश में शीर्ष स्थान पर है।
वरिष्ठ उपाध्यक्ष विनोद कुमट ने पावर पॉईन्ट प्रजेन्टेशन से यूसीसीआई की गतिविधियों का विवरण प्रस्तुत किया। श्री कुमट ने बताया कि भारत में एक युवा उद्यमी पहले उद्यम अथवा व्यवसाय प्रारम्भ कर देता है। उसके बाद धीरे-धीरे अनुभव से उसमें व्यावसायिक कौशल का विकास होता है।
परियोजना आकलनकर्ता श्रीमती एलके डेमस्चुक ने कहा कि जर्मन सरकार द्वारा उन्हें यह आकलन करने के उद्देश्यु के साथ भेजा है कि जर्मन संगठनों द्वारा आर्थिक सहयोग स्वरूप प्रदान की जाने वाली धनराशि का सही इस्तेमाल सहयोगी संगठन द्वारा किया जा रहा है अथवा नहीं। डेमस्चुक ने सुझाव दिया कि मासिक अथवा पाक्षिक आयोजन के तहत चैम्बर द्वारा अपने ही किसी एक सदस्य को यूसीसीआई में अपने व्यावसायिक अनुभव बांटने हेतु आमंत्रित किया जाना चाहिये। जेडडीएच/सीक्वा के प्रोजेक्ट डायरेक्टर ए. कार्तिकेयन ने पावर पॉइन्ट प्रजेन्टेशन के माध्यम से यूसीसीआई की क्षमताओं एवं कमजोरियों पर सीक्वा की ओर से प्रस्तुत आकलन का क्रमवार विवरण दिया।
पूर्वाध्यक्ष पी. एस. तलेसरा ने सुझाव दिया कि यूसीसीआई सदस्यों को जर्मन चैम्बर ऑफ कॉमर्स की कार्यप्रणाली की जानकारी देने के साथ-साथ जर्मन तकनीक के इस्तेमाल द्वारा स्थानीय औद्योगिक सम्भावनाओं के विकास हेतु प्रयास किये जाने चाहिये। संचालन मानद महासचिव आशीष छाबडा़ ने किया। उपाध्यक्ष डॉ. अंशु कोठारी ने सभी को धन्यवाद दिया।

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admin

doing active journalism from last 16 yrs. worked in leading news papers rajasthan patrika, dainik bhaskar.

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