Header Banner

राष्ट्र भावना को समर्पित हो छात्र : जाट

BY — January 12, 2016

विद्यापीठ विश्वविद्यालय का 29 वां स्थापना दिवस समारोह
स्वामी विवेकानन्द युवाओं के हद्धय में – प्रो. सारंगदेवोत

120103उदयपुर। संस्थाओं को ऐसे छात्रों को तैयार करने की आवश्यकता है जो राष्ट्र निर्माण की भावना में समर्पित हो। इसका बहुत बडा दायित्व हमारे शिक्षक पर भी है। अब हमारे शिक्षण संस्थाओं से अधिक से अधिक सख्यां में वैज्ञानिक, इंजीनियर, डाक्टर, कलेक्टर, पायलट और शिक्षक निकलें।

120104यह आव्हान केन्द्रीय जल संसाधन विकास राज्य मंत्री प्रो. सांवरमल जाट ने मंगलवार को प्रतापनगर स्थित विश्वविद्यालय के आईटी सभागार में जनार्दनराय नागर राजस्थान विद्यापीठ विश्वविद्यालय के 29 वें स्थापना दिवस पर तीन समारोह के  समापन समारोह में बतौर मुख्य अतिथि के रूप में कही।
120105महिलाओं ने देश का गौरव बढ़ाया : प्रो. सांवरमल जाट ने कहा कि आज महिला शिक्षा, साहित्य, विज्ञान, खेल तथा अन्य किसी क्षेत्र में पुरूषों से पीछे नहीं है। आज आजादी के 69 वर्ष बाद महिलाओं ने हर क्षेत्र में देश का गौरव बढाया है। आज महिलाओं ने सेना में भी अपनी भागीदारी सुनिश्चित की है। इस जनजाति बहुल क्षेत्र में शिक्षा के क्षेत्र में राजस्थान विद्यापीठ के कार्यों की तथा पंडित जनार्दनराय नागर के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि उन्होंने 1937 में इस संस्था की स्थापना कर आम जन एवं ग्रामीण महिला एवं पुरूषों को पढ़ने की प्रेरणा दी। उन्होंने कहा कि वे पर्दा प्रथा के सख्त खिलाफ थे और उन्होने  गांव गांव, ढाणी ढाणी शिक्षा की अलख जगाने का कार्य किया था। प्रारंभ में कुलपति प्रो. एस.एस. सारंगदेवोत ने अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि आज विद्यापीठ के कई नये कोर्स शुरू कर सरकार के द्वारा घोषित स्कील डवपलमेंट के नारे को साकार कर रहा है। इस अवसर पर स्वामी विवेकानन्द को याद करते हुए कहा कि वे एक स्वप्नदृष्टा थे और उन्होने युवाओं से आव्हान भी किया था कि वे सपने जरूर देखे तथा उन्हे साकार भी करे।

120106समारोह में मुख्य वक्ता साहित्यकार सुरेश ऋतुपर्ण ने युवाओं को आव्हान करते हुए कहा कि दुनिया में हिन्दू धर्म एवं भारत की प्रतिष्ठा करने वाले स्वामी विवेकान्द युवाओं के हद्धय मे आज भी विद्यमान है तथा सदैव रहेंगे। विश्व मंच पर युवाओं को स्थापित करने के लिए हमें शिक्षा के साथ अपनी संस्कृति स्वामी जी के जीवन मूल्यो केा अपनाना होगा। समारोह की अध्यक्षता करते हुए कुल अध्यक्ष प्रो. देवेन्द्र जौहर ने विद्यापीठ के इतिहास को याद करते हुए अपने संस्मरण सुनाए। समारोह में उदयपुर सांसद अर्जुन लाल मीणा, खेरवाड़ा विधायक नाना लाल अहारी, सलूम्बर विधायक अमृत लाल मीणा, कुल प्रमुख भंवरलाल गुर्जर, रजिस्ट्रार प्रो.सीपी अग्रवाल ने भी अपने विचार व्यक्त किये। समारोह का संचालन डॉ. धीरज जोशी ने किया तथा धन्यवाद रजिस्ट्रार प्रो. सीपी अग्रवाल ने दिया। समारोह में विद्यापीठ के विभिन्न विभागों के विभागाध्यक्ष, डीन, कार्यकर्ता एवं शहर के गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
विमोचन : उदयपुर स्कूल ऑफ सोशल वर्क की निदेशक प्रो. मंजू मांडोत द्वारा सम्पादित इन्टरनेट और वेब डिजाइनिंग का विमोचन अतिथियों द्वारा किया गया। सम्पादक प्रो. मंजू मांडोत ने कहा कि इस किताब में कम्प्यूटर के बेसिक चीजों को दर्शाया गया है।
पुरस्कार वितरण:- विद्यापीठ स्थापना दिवस पर आयोजित तीन दिवसीय समारोह के दौरान स्वामी विवेकानन्द की जीवनी एवं विश्व दर्शन पर हुई विभिन्न प्रतियोगिताए आयोजित की गई जिसमें निबंध, आशुभाषण, वाद विवाद, पोस्टर प्रतियोगिता में विजयी रहे प्रतिभागियों को अतिथियों द्वारा सम्मानित भी किया गया।

admin

doing active journalism from last 16 yrs. worked in leading news papers rajasthan patrika, dainik bhaskar.

Leave a Reply