हिन्दुस्तान जिंक करेगा 152 सरकारी विद्यालयों का कायाकल्प

BY — May 7, 2014

5 करोड़ रुपए की लागत से आएगा सरकारी स्कूलों में बदलाव

070501उदयपुर। हिन्दुस्तान जिंक एवं जिला शिक्षा विभाग ने 40 सरकारी स्कूलों में महत्वपूर्ण आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए एक एमओयू साइन किया। इससे पूर्व हिन्दुस्तान ज़िंक ने राजस्थान राज्य के 112 ग्रामीण सरकारी विद्यालयों में आधारभूत बदलाव लाने के लिए समझौते के ज्ञापन पर हस्ताक्षर किये थे जिसमें 72 स्कूल भीलवाड़ा से, 20 चित्तौडगढ़ तथा 20 राजसमन्द के स्कूल शामिल हैं।

भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़ तथा राजसमन्द जिले के 112 विद्यालयों में कार्य प्रगति पर है तथा उदयपुर जिले में 40 सरकारी विद्यालयों के कायाकल्प के लिए अनुबंध पर आज हस्ताक्षर हुए हैं। इस अनुबंध के साथ ही हिन्दुस्तान जिंक अब 152 सरकारी स्कूलों का कायाकल्प करेगा तथा इस कार्य पर लगभग 5 करोड़ रुपये खर्च करेगा।
यह कार्य पब्लिक-प्राईवेट पार्टनरषिप मॉडल के तहत पूरा किया जाएगा जिसमें बाऊण्ड्री वॉल का निर्माण, अतिरिक्त कक्षा-कक्षों का निर्माण, हैण्डपम्प, शौचालयों का निर्माण, डेजर्ट कूलर, एग्जास्ट एवं सीलिंग पंखे तथा फर्नीचर, विद्यार्थियों के लिए स्कॉलरशिप एवं पुरस्कार, खेल के लिए प्ले ग्राऊण्ड का निर्माण, स्वच्छ पानी के लिए अतिरिक्त वाटर पम्प तथा भवनों, फर्नीचर तथा अन्य आधारभूत सुविधाओं का कार्य सम्मिलित है। पर्यावरण के प्रति जागरूकता पैदा करने के लिए हिन्दुस्तान जिंक विद्यार्थियों द्वारा पौधारोपण भी कराएगा।
हिन्दुस्तान जिंक के एसोसिएट वाइस प्रेसीडेन्ट एवं हेड-कार्पोरेट कम्यूनिकेशन, पवन कौषिक ने बताया कि 112 सरकारी विद्यालयों में पहले ही आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए हिन्दुस्तान जिंक ने कार्य प्रारंभ कर दिया है। आषा है कि पब्लिक-प्राईवेट पार्टनरषिप मॉडल के तहत इन विद्यालयों में षिक्षा के स्तर में उल्लेखनीय सुधार होगा। इन 40 स्कूलोें के सुधार के लिए भी एक समिति का गठन किया जायेगा जिसमें हिन्दुस्तान जिंक के वरिष्ठ अधिकारी तथा प्रभारी जिला कलेक्टर की ओर से नियुक्त व्यक्तियों को रखा जाएगा। हिन्दुस्तान जिंक आवष्यकतानुसार कार्य के लिए प्रतिवर्ष सीधा बजट उपलब्ध करायेगा ।
उल्लेखनीय है कि इन 40 विद्यालयो में देबारी पंचायत के 10 विद्यालय, जावर पंचायत के 12 विद्यालय, मटून पंचायत के 8 तथा उदयपुर सिटी के 10 विद्यालयों का चयन किया गया है जिसमें 9 बालिका विद्यालय भी सम्मिलित है। ज्ञातव्य रहे कि षिक्षा सुपोषण तथा प्राथमिक चिकित्सा में सुधार के लिए दो वर्ष पूर्व कंपनी ने ‘खुशी’ अभियान की शुरूआत की थी। जिसके माध्यम से आधारभूत सुविधाओं में सुधार के लिए ऑनलाइन विचार-विमर्श एवं गहन चर्चाएं की जाती रही हैं। अभियान के प्रयास के परिणास्वरूप हिन्दुस्तान जिंक ने निष्चिय किया कि स्कूलों में आधारभूत सुधार के लिए और अधिक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए आधारभूत सुविधाओं में बदलाव लाना आवश्य क है।
हिन्दुस्तान जिंक की हेड सीएसआर सुषमा शर्मा ने हिन्दुस्तान जिंक द्वारा शिक्षा क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों के बारे में विस्तृत जानकारी दी। कृष्णा चौहान, जिला शिक्षा अधिकारी एवं श्री भूपेन्द्र जैन, जिला षिक्षा अधिकारी ने हिन्दुस्तान जिंक का आभार व्यक्त किया तथा स्कूलों में हिन्दुस्तान जिंक द्वारा लाये जा रहे बदलाव की सराहना की। इन्होंने कहा कि इस बदलाव से सरकारी स्कूलों के शिक्षा स्तर में उल्लेखनीय परिवर्तन आएगा।
हिन्दुस्तान जिंक की ओर से समझौते के ज्ञापन पर हेड सीएसआर सुषमा शर्मा एवं राजस्थान सरकार के जिला शिक्षा अधिकारी-सेकण्डरी, कृष्णा चौहान एवं ऐलीमेन्टरी जिला शिक्षा अधिकारी भूपेन्द्र जैन ने हस्ताक्षर किए। इस अवसर पर हिन्दुस्तान जिंक के सी एस. आर. मेहता, हेड कार्पोरेट रिलेशंस, हिन्दुस्तान जिंक के एसोसिएट वाइस प्रेसीडेन्ट कार्पोरेट कम्यूनिकेशन पवन कौशिक तथा हेमलता मेनारिया, सहायक जिला शिक्षा अधिकारी, डॉ. एस. एस. जमरानी, अतिरिक्त निदेशक (खान विभाग), डॉ. सुयश चतुर्वेदी प्राचार्य, जीएसएसएस, गुडली, नीरजा रोजर्स, प्राचार्य जीजीएसएसएस भूपालपुरा, गौरी जमरानी, प्राचार्य, अम्बामाता गर्ल्स स्कूल उपस्थित थे।

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admin

doing active journalism from last 16 yrs. worked in leading news papers rajasthan patrika, dainik bhaskar.

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