जावर के अंतिम गांव तक पहुंच रही है हिन्दुस्तान जिंक की मोबाइल हेल्थ वैन

BY — December 22, 2021

जावर के 28 गांवों में दे रही है प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाएं
ग्रामीणों को बता रहे हैं बीमारियों से रोकथाम और उपचार के तरीके

उदयपुर। सामुदायिक विकास और कल्याण को ध्यान में रखकर हिन्दुस्तान जिंक की ओर से चलाई जा रही स्वास्थ्य सेवाएं गांव के अंतिम छोर पर स्थित घर में भी पहुंचे, यह भी सुनिश्चित किया जा रहा है। जावर गांव के 28 गांवों में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं और कल्याणकारी कार्यक्रमों की एक श्रृंखला दीपक फाउंडेशन के साथ मिलकर काम कर रही है।

कंपनी ने फाउंडेशन के साथ ग्रामीणों को ओपीडी, विशेष स्वास्थ्य शिविर, जागरूकता सत्र, देखभाल परीक्षण, प्रसव पूर्व एवं उसके बाद की जाने वाली देखभाल जैसी सेवाएं मोबाइल हेल्थ वैन (एमएचवी) के माध्यम से दे रही है। उपचार और रोकथाम सेवाओं के अलावा ये मोबाइल हेल्थ वैन ग्रामीणों के साथ जागरूकता बढ़ाने और सूचनात्मक जानकारी के कार्यक्रम भी कर रही है।
हिन्दुस्तान जिंक की इन मोबाइल हेल्थ वैन के जरिये पिछले 3 सालों में जावर के करीब 15 हजार ग्रामीणों से संपर्क कर उन्हें एनीमिया, त्वचा रोग, डायबिटीज, कुपोषण जैसी बीमारियों की रोकथाम एवं उनके उपचार सम्बन्धी ओपीडी सेवाएं दी हैं। इसके अलावा कंपनी ने करीब सौ लोगों के लिए नेत्र चिकित्सा एवं त्वचा रोग सम्बन्धी शिविर भी आयोजित किए हैं। इसके अतिरिक्त हिन्दुस्तान जिंक जागरूकता के लिए विश्व हैंडवाश दिवस, विश्व निमोनिया दिवस, विश्व मधुमेह दिवस और राष्ट्रीय कैंसर जागरूकता दिवस पर भी कार्यक्रमों का आयोजन करती रही है।
इसके अलावा कंपनी की मोबाइल हेल्थ वैन ने कोविड-19 के कठिन समय में और लाॅकडाउन के दौरान भी अपनी सेवाएं देकर अटूट समर्थन देते हुए ग्रामीणों तक टीकाकरण के महत्व, कोविड के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों की जानकारी भी दी।
जावर में स्वास्थ्य सेवाओं सम्बन्धी पहल को आगे ले जाने वाले श्री किशोर एस क्लस्टर हेड जावर का मानना है कि लोगों और सामुदायिक स्वास्थ्य एवं कल्याण कार्यक्रम हमेशा हिन्दुस्तान जिंक की प्राथमिकता रही है। पिछले वर्षों में लोगों ने हिन्दुस्तान जिंक द्वारा लागू की गई स्वास्थ्य देखभाल और कल्याण कार्यक्रमों को सराहते हुए समर्थन दिया है। स्वास्थ्य देखभाल कार्यक्रम लोगों को स्थिरता और सुरक्षा की भावना भी प्रदान करते हैं। इन स्वास्थ्य पहल से जावर के हर उम्र के स्थानीय लोग लाभान्वित हुए हैं। यहां तक कि लॉकडाउन के दौरान भी, कंपनी एमएचवी और हेल्थकेयर स्टाफ ने इन गांवों के दूरदराज के कोनों में लाभार्थियों को प्राथमिक स्वास्थ्य सेवाओं की सुविधा प्रदान की, जिससे उनकी भलाई सुनिश्चित हो।
स्वास्थ्य सेवाओं को समुदाय तक बढ़ाने और पहुंचाने के लिए हिन्दुस्तान जिंक दीपक फाउंडेशन और वॉकहार्ट फाउंडेशन के साथ मिलकर स्वास्थ्य और कल्याण शिविरों और चिकित्सा उपकरण दान के साथ 8 मोबाइल स्वास्थ्य वैन के माध्यम से 182 गांवों में 2 लाख से अधिक लाभार्थियों तक पहुंच चुका है।

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admin

doing active journalism from last 16 yrs. worked in leading news papers rajasthan patrika, dainik bhaskar.

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